केकड़ी, 25 अप्रैल (आदित्य न्यूज नेटवर्क): सरवाड़ थाना पुलिस ने रोडवेज बस में भीड़ का लाभ उठाकर सोने के जेवरात चोरी करने वाली एक अंतरराज्यीय महिला गैंग का पर्दाफाश करते हुए तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार सूरजपोल गेट केकड़ी निवासी सीता देवी माली पत्नी रामचरण माली ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 22 अप्रैल को जब वह सरवाड़ के चमन चौराहे से रोडवेज बस में चढ़ रही थीं, उसी दौरान 4-5 महिलाओं ने उन्हें घेर लिया। धक्का-मुक्की और भीड़ का फायदा उठाकर इन महिलाओं ने उनके गले से करीब ढाई तोला सोने का हार चुरा लिया। जब तक सीता देवी को आभास हुआ और बस रुकवाई गई, तब तक आरोपी महिलाएं वहां से रफूचक्कर हो चुकी थी। पुलिस ने बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।

विशेष टीम का किया गठन: मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाला के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार मील व पुलिस उप अधीक्षक हर्षित शर्मा के निकटतम सुपरविजन एवं थानाधिकारी रामपाल शर्मा के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन कर वांछित महिलाओं की तलाश शुरू की। टीम ने त्वरित कार्रवाई एवं घेराबंदी करते हुए आबूरोड (सिरोही) हाल चंदेरिया (चित्तौड़गढ़) निवासी सुगना उर्फ कंकु (70) पत्नि तुलसीराम जाति कालबेलिया, बिच्छीवाड़ा (डूंगरपुर) निवासी गेरी वादी (55) पत्नि रमेश वादी जाति कालबेलिया एवं बिच्छीवाड़ा (डूंगरपुर) निवासी जाजम (25) पत्नि प्रभु जाति कालबेलिया को धर दबोचा। पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद तीनों महिलाओं को बापर्दा न्यायालय में पेश किया। जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में अजमेर सेंट्रल जेल भेज दिया गया।

‘टारगेट‘ के आगे-पीछे लगकर करती थीं वारदात: थानाधिकारी शर्मा ने बताया कि यह गिरोह भीड़भाड़ वाले बस स्टैंड को चिन्हित करता है। इनका काम करने का तरीका शातिराना है। गिरोह की महिलाएं बस में चढ़ने वाली अकेली महिला को टारगेट करती है। कुछ महिलाएं आगे और कुछ पीछे लगकर जल्दी चढ़ने का नाटक करती हैं और धक्का-मुक्की का माहौल बनाती है। मौका मिलते ही गहनों पर हाथ साफ कर गिरोह की अन्य सदस्य को थमा देती हैं व तुरंत वहां से गायब हो जाती हैं। मामले का खुलासा करने में थानाधिकारी रामपाल शर्मा, हेड कांस्टेबल राजकिरण, मुश्ताक अहमद, कांस्टेबल कमलेश व महिला कांस्टेबल चिंता ने अहम भूमिका निभाई है।

