केकड़ी, 29 अगस्त (आदित्य न्यूज नेटवर्क): भादवीं छठ पर शुक्रवार को मीणों का नयागांव स्थित देवनारायण दरबार में लक्खी मेले का आयोजन हुआ। भगवान देवनारायण के स्थान से लेकर तीन किलोमीटर तक श्रद्धालुओं की भीड़ ही भीड़ नजर आ रही थी। मेले में करीब 2.5 लाख से अधिक लोगों ने भगवान देवनारायण के दर्शन किए। मेले में घोड़ियों का नृत्य आकर्षण का केंद्र रहा। भगवान देवनारायण के दर्शन करने के लिए सुबह से ही भक्तों की कतारें लगना शुरू हो गई। भगवान देवनारायण के दर्शन करने के लिए लोग घंटों तक कतार में लगे रहे, तब जाकर भगवान देवनारायण के दर्शन हुए। श्रद्धालुओं ने भगवान देवनारायण के खीर, चूरमे और नारियल का भोग लगाकर दर्शन कर मन्नत मांगी। मेले में आए महिला, पुरुषों और बच्चों ने झूले चकरियों का आनंद लिया। महिलाओं व युवतियों ने मणिहारी के सामानों की जमकर खरीददारी की।
भजनों पर झूमे श्रद्धालु: इससे पूर्व रात्रि में विशाल भजन संध्या का आयोजन किया गया। भजन संध्या में गायक कलाकार आकृति मिश्रा, सीताराम लाकड़ा, गोलू मीणा ने एक से बढ़कर एक शानदार भजनों की प्रस्तुतियां दी। वहीं हास्य कलाकार पन्या छैपट ने अपने अंदाज में दर्शकों को खूब हंसाया। भजन संध्या में हजारों की संख्या में भीड़ मौजूद रही। भजन संध्या में जहाजपुर विधायक गोपीचंद मीणा,प्रधान आशा बागड़ी, भाजपा नेता रायचंद बागड़ी, सरपंच रामप्रसाद मीणा व अभिषेक कुमावत अतिथि के रुप में मौजूद रहे।
तीन करोड़ की लागत से बनेगी फोरलेन सड़क: विधायक शत्रुघ्न गौतम ने भजन संध्या के दौरान दूरभाष पर ही हजारों श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए तीन करोड़ की लागत से अजमेर-कोटा राजमार्ग से मंदिर स्थल तक डिवाइडर युक्त फोरलेन सड़क बनाने की घोषणा की। फोरलेन सड़क बनने से मंदिर स्थल पर जाम की समस्या नहीं रहेगी। वहीं प्रधान आशा बागड़ी ने पांच लाख की लागत से हाईमास्क लाईट लगाने की घोषणा की।
तीन किलोमीटर पहले ही रोके वाहन: देवनारायण भगवान के मेले में पुलिस प्रशासन ने केकड़ी रोड, उन्दरी गांव एवं गुलगांव से आने वाले रास्तों पर तीनों जगहों पर वाहनों को बेरिकेड लगाकर रोक दिया। करीब तीन किलोमीटर पहले ही बेरिकेड लगाने के बावजूद मेले में पैर रखने की जगह नहीं बची। भगवान देवनारायण के मेले में आने वाले सभी श्रद्धालुओं को भोजन कराया गया। देव भक्तों के भोजन बनाने में करीब 200 से अधिक हलवाईयों की टीम पिछले दो दिन से काम कर रही थी। डेढ़ लाख श्रद्धालुओं के लिए भोजन प्रसादी की व्यवस्था की गई। सुबह भगवान देवनारायण के भोग लगाने के बाद भक्तों को भोजन प्रसादी ग्रहण करवाई गई। देर शाम तक मेले में करीब डेढ़ लाख से अधिक लोगों ने भोजन प्रसादी ग्रहण की।
डीजे के साथ पैदल यात्रा से पहुंचे लोग: भगवान देवनारायण के दर्शन करने के लिए केकड़ी, शाहपुरा, भीलवाड़ा, बूंदी, कोटा, टोंक, अजमेर, सवाई माधोपुर समेत अन्य जगहों से देव भक्त दर्शन करने के लिए पहुंचे। आसपास के गांवों से लोग डीजे के साथ पैदल यात्रा में नाचते गाते हुए ध्वज पताका लेकर भगवान देवनारायण के स्थान पर दर्शन करने पहुंचे। जिसके चलते दिन भर देव भक्तों के हाथों में झंडे ही झंडे नजर आए। भगवान देवनारायण के दर्शन करने के लिए लोगों में जबरदस्त उत्साह देखा गया। देवनारायण भगवान के लक्खी मेले में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए केकड़ी सदर, केकड़ी सिटी व सावर पुलिस थाने सहित पुलिस लाइन का अतिरिक्त जाप्ता तैनात रहा।
दोपहर बाद लगा जाम: प्रशासन की और से तीन किलोमीटर पहले ही पार्किंग व्यवस्था करने के बावजूद दोपहर बाद जाम ही जाम नजर आया। प्रशासनिक व्यवस्थाएं कमजोर नजर आई। जिसके चलते लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। लाखों की भीड़ को देखते हुए पुलिस जाब्ता कम रहा जिसके कारण वाहन चालकों ने वाहनों को सड़कों पर फंसा दिया जिससे दोपहर बाद जाम हो गया। मार्ग दो लेन होने के कारण जाम होने से रोड पर वाहन रेंगते नजर आए। मेले में लाखों लोगों की भीड़ के आने की पूर्व सूचना के बावजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने ध्यान नही दिया। जिसके कारण लाखों की भीड़ में पुलिस के जवानों की संख्या काफी कम रही। मंदिर स्थल पर भी भारी भीड़ के कारण लोगों को बड़ी मुश्किल से दर्शन हो पाए। जाम के कारण लोगों ने अपने वाहनों को अजमेर-कोटा मार्ग पर ही पार्क किया।