केकड़ी, 07 मार्च (आदित्य न्यूज नेटवर्क): अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या दो ने चेक अनादरण के मामले में आरोपी को कारावास व आर्थिक दंड की सजा सुनाई है। न्यायालय ने देवरिया निवासी परिवादी पुखराज राव पुत्र नारायण की ओर से पेश परिवाद पर सुनवाई करते हुए आरोपी देवरिया निवासी ब्रह्मदेव पुत्र किशनसिंह को दोषसिद्ध करार दिया। प्रकरण के तथ्यों के अनुसार आरोपी ने वर्ष 2016 में परिवादी से 5 लाख रुपए उधार लिए थे। रकम वापसी के लिए आरोपी ने चेक दिया, जो खाते में पर्याप्त राशि न होने के कारण 27 फरवरी 2017 को बैंक से अनादरित होकर लौट आया।
न्यायालय का निर्णय: परिवादी के अधिवक्ता मनोज आहूजा व भैरू सिंह राठौड़ द्वारा प्रस्तुत मौखिक व दस्तावेजी साक्ष्यों तथा न्यायिक दृष्टांतों से सहमत होते हुए न्यायाधीश ने आरोपी ब्रह्मदेव को एक वर्ष के साधारण कारावास व 7 लाख 50 हजार रुपए के जुर्माने से दंडित करने के आदेश पारित किए हैं। इस मामले में परिवादी की ओर से अधिवक्ता मनोज आहूजा, भैरूसिंह राठौड़, रवि शर्मा, अभिनव जोशी व भावेश जैन ने प्रभावी पैरवी की।

