Site icon Aditya News Network – Kekri News

श्रद्धा व उत्साह के साथ मनाया महाशिवरात्रि पर्व, मंगल गीतों के बीच संपन्न हुआ शिव-पार्वती विवाह

केकड़ी: महाशिवरात्रि पर्व के अवसर पर शिव पार्वती के विवाह की सजीव झांकी।

केकड़ी, 14 फरवरी (आदित्य न्यूज नेटवर्क): श्री मिश्री लाल दुबे महिला शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में शनिवार को महाशिवरात्रि का पर्व धूमधाम व श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय परिसर में शिव-पार्वती विवाह का प्रतीकात्मक आयोजन किया गया, जिसने सभी का मन मोह लिया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ महाविद्यालय के सचिव चंद्रप्रकाश दुबे, डॉ. अविनाश दुबे, अनिरुद्ध दुबे, प्राचार्य डॉ. रामलाल वर्मा व आचार्य ब्रह्मानंद शर्मा द्वारा मां शारदे व भगवान महादेव के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।

प्रस्तुतियों ने मोहा मन: इस दौरान छात्राध्यापिकाओं ने गीत, भाषण, कविता व सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी। कौशल माली, अनिता मेघवंशी, आरती माइडा ने भजनों की प्रस्तुति दी, वहीं कविता कुमावत व मधु चौधरी ने पुलवामा के शहीद सैनिकों को समर्पित गीत गाकर भावविभोर कर दिया। अंजलि शर्मा ने भाषण व किरण मीणा व किस्मत ने नृत्य के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाई।

केकड़ी: महाशिवरात्रि पर्व पर शिव पार्वती विवाह कराते आयोजक।

शिव बारात व विधि-विधान से विवाह: महाविद्यालय परिसर से भगवान शिव अपने गणों के साथ भव्य बारात लेकर निकले, जिनका प्राचार्य द्वारा गर्मजोशी से स्वागत किया गया। पंडित ब्रह्मानंद शर्मा ने वेदमंत्रों के साथ शिव-पार्वती का प्रतीकात्मक विवाह संपन्न करवाया। इस दौरान पूरे परिसर में पुष्प वर्षा की गई। भगवान शिव के रूप में तनु अहीर व मां पार्वती के रूप में मनीषा प्रजापत ने सजीव चित्रण किया। अंशु, लीला चौधरी, अनिता मेघवंशी व कृष्णा चौधरी ने सखियों की भूमिका निभाई।

महाआरती व प्रसाद वितरण: कार्यक्रम के अंत में भव्य महाआरती का आयोजन किया गया, जिसके बाद सभी उपस्थित जनों को प्रसाद वितरित किया गया। कार्यक्रम का संचालन मुस्कान बैरवा व अनीता गुर्जर ने किया। इस आयोजन में महाविद्यालय के व्याख्याता दीपक भारती, महावीर वर्मा, रामलाल सैनी, सोनू खटीक, रामप्रसाद साहू, रामलाल खटीक, विनोद लौहार, जीवराज खारोल, निर्मला वैष्णव, कमलेश शर्मा, रजनी चौहान, रेखा कंवर, प्रिया जैन व लेखा शाखा के भागचंद विजय सहित समस्त स्टाफ का विशेष सहयोग रहा।

Exit mobile version