केकड़ी, 15 जुलाई (आदित्य न्यूज नेटवर्क): बघेरा में कणौंज रोड स्थित हजरत शेख अल कबीर चांद उस्मान शाह रहमतुल्लाह अलैह का सालाना उर्स बुधवार को धार्मिक श्रद्धा, अकीदत व भाईचारे के साथ सम्पन्न हुआ। अंजुमन उर्स कमेटी के तत्वावधान में आयोजित उर्स में बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज सहित आसपास के क्षेत्रों से अकीदतमंद शामिल हुए। उर्स की शुरुआत सुबह कुरान ख्वानी से हुई, जिसमें मदरसे के बच्चों ने कुरान शरीफ की तिलावत की। दोपहर दो बजे तोरण थाम इमाम चौक से भव्य चादर जुलूस निकाला गया।

चादर के जुलूस में उमड़े अकीदतमंद: चादर का जुलूस सदर बाजार व बस स्टैंड से होते हुए दरगाह शरीफ पहुंचा। जुलूस में शामिल अकीदतमंदों ने सूफियाना अंदाज में चादर पेश की। इस दौरान हुसैन यंग कमेटी, शेख चिराग अखाड़ा सावर, सूफी अखाड़ा जूनिया व हुसैनी अखाड़ा नासिरदा की टीमों ने पारंपरिक हैरतअंगेज करतब प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। मार्ग में जगह-जगह मुस्लिम समाज के लोगों ने जुलूस का स्वागत करते हुए शरबत व तबर्रुक वितरित किया।

अखाड़ा उस्तादों की दस्तारबंदी: असर व मगरिब की नमाज के बीच दरगाह शरीफ में मजार पर चादरपोशी की गई व फातिहा ख्वानी के बाद देश में अमन, शांति, भाईचारे व खुशहाली की दुआएं मांगी गईं। चादरपोशी से पूर्व अखाड़ों के उस्तादों की दस्तारबंदी भी की गई। इस दौरान अखाड़ा उस्ताद हाजी अतार अली, अल्ताफ हुसैन, इमरान, शाकिर, आसिफ, कक्कड़, हबीब नूर नासिरदा, मुबारक, मनोज मीणा, बाबू सावर, आसिफ, बिट्टू, इब्राहिम, मंजूर, इंसाफ व इमरान सहित अन्य का दस्तारबंदी कर सम्मान किया गया। अंजुमन उर्स कमेटी की ओर से सभी श्रद्धालुओं के लिए लंगर की व्यवस्था की गई।

भाईचारे का दिया संदेश: रात्रि में आयोजित महफिल-ए-मिलाद में मकराना के हजरत अल्लामा मौलाना असलम रब्बानी, पाली के प्रसिद्ध नातख्वां जावेद रजा कादरी व स्थानीय मौलाना सईद रजा कादरी सहित कई उलेमा व नातख्वां द्वारा इस्लाम की शिक्षाओं, सूफी परंपरा व भाईचारे का संदेश दिया गया। देर रात दरगाह परिसर को केवड़े के इत्र से धोकर कुल की रस्म अदा की गई, जिसके साथ ही सालाना उर्स का विधिवत समापन हुआ। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धा, आस्था व सामाजिक सौहार्द का अनूठा वातावरण देखने को मिला।

