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पालिकाध्यक्ष की कुर्सी का सियासी संग्राम: कांग्रेस ने जताया ‘अनिल’ पर भरोसा, भाजपा ने खेला ‘विनीत’ पर दांव

केकड़ी, 16 सितंबर (आदित्य न्यूज नेटवर्क): केकड़ी नगर पालिका की सत्ता की चाबी अब किसके हाथ लगेगी, इस पर सियासी शतरंज की बिसात बिछ चुकी है। बुधवार को पालिकाध्यक्ष पद के लिए नामांकन की प्रक्रिया पूरी होते ही मुकाबले के मुख्य चेहरे सामने आ गए। कांग्रेस ने वार्ड संख्या 25 से निर्वाचित पार्षद अनिल मित्तल को अपना अधिकृत प्रत्याशी बनाकर भरोसा जताया है, तो भाजपा ने वार्ड संख्या 37 से निर्वाचित विनीत जैन को मैदान में उतारकर अपना दांव खेला है। खास बात यह है कि दोनों प्रमुख दलों के खेमे से निर्दलीय प्रत्याशियों के रूप में वैकल्पिक नामांकन भी सामने आए हैं, जिन्हें सियासी गलियारों में बैकअप प्लान के तौर पर देखा जा रहा है। अब नाम वापसी के बाद तस्वीर और साफ होगी तथा 21 सितंबर को मतदान के साथ पालिकाध्यक्ष की कुर्सी का फैसला होगा। केकड़ी नगर पालिका के 40 वार्डों में कांग्रेस के 20, भाजपा के 18 तथा आरएलपी के दो पार्षद निर्वाचित हुए हैं। ऐसे में अध्यक्ष पद के चुनाव में एक-एक वोट की अहमियत बढ़ गई है। कांग्रेस प्रत्याशी अनिल मित्तल के नामांकन के दौरान आरएलपी पार्षद राजेन्द्र चौधरी की मौजूदगी भी राजनीतिक रूप से चर्चा का विषय रही।

केकड़ी: उपखण्ड अधिकारी के समक्ष पालिका अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रस्तुत करते कांग्रेस प्रत्याशी अनिल मित्तल।

अनिल ने भरा नामांकन: निर्वाचन प्रक्रिया की शुरुआत में निर्वाचक पंजीयन एवं उपखंड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई ने कांग्रेस के टिकट पर निर्वाचित पार्षद इंदिरा मित्तल, आशाराम वैष्णव एवं दिलखुश चौधरी तथा आरएलपी के राजेन्द्र चौधरी को पार्षद पद की शपथ दिलाई और प्रमाण पत्र प्रदान किए। अनिल मित्तल परिणाम वाले दिन ही पार्षद पद की शपथ ले चुके थे। शपथ ग्रहण के बाद करीब सवा 11 बजे अनिल मित्तल ने कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में पालिकाध्यक्ष पद के लिए नामांकन पत्र दाखिल किया। उनके आवेदन पर पार्षद आशाराम वैष्णव ने प्रस्तावक के रूप में हस्ताक्षर किए। नामांकन के दौरान पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष शैलेन्द्र सिंह शक्तावत, नगर कांग्रेस अध्यक्ष हेमंत जैन सहित कई कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। अनिल मित्तल इससे पहले भाजपा प्रत्याशी के रूप में केकड़ी नगर पालिका के पालिकाध्यक्ष रह चुके हैं। ऐसे में अध्यक्ष पद की दौड़ में उनका पूर्व अनुभव भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

केकड़ी: इंदिरा मित्तल (फाइल फोटो)

इंदिरा के निर्दलीय नामांकन ने बढ़ाया कौतूहल: कांग्रेस के मुख्य प्रत्याशी अनिल मित्तल के नामांकन के साथ ही एक और नामांकन ने सियासी चर्चाओं को हवा दे दी। उनकी पत्नी एवं वार्ड संख्या 36 से निर्वाचित पार्षद इंदिरा मित्तल ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में पालिकाध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किया। इंदिरा मित्तल के आवेदन में पार्षद दिलखुश चौधरी ने प्रस्तावक के रूप में हस्ताक्षर किए हैं। इसे कांग्रेस के संभावित बैकअप प्लान के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि अंतिम तस्वीर 18 सितंबर को नाम वापसी की अवधि समाप्त होने के बाद ही स्पष्ट होगी। एक ही परिवार से पति-पत्नी के अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल करने के बाद अब राजनीतिक निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि अंतिम मैदान में कौन-कौन रहता है।

केकड़ी: उपखण्ड अधिकारी के समक्ष पालिका अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रस्तुत करते भाजपा प्रत्याशी विनीत जैन।

भाजपा ने विनीत पर खेला दांव: कांग्रेस के बाद भाजपा ने भी अपने पत्ते खोलते हुए वार्ड संख्या 37 से निर्वाचित पार्षद विनीत जैन को पालिकाध्यक्ष पद का अधिकृत प्रत्याशी बनाया। विनीत जैन ने करीब सवा दो बजे नामांकन पत्र दाखिल किया। उनके आवेदन पर पार्षद गिरिराज खटीक ने प्रस्तावक के रूप में हस्ताक्षर किए। नामांकन दाखिल करने से पहले विनीत जैन, गिरिराज खटीक, अरविंद कांसोटिया एवं मोहित वैष्णव ने पार्षद पद की शपथ ली तथा उपखंड अधिकारी से प्रमाण पत्र प्राप्त किए। इस दौरान भाजपा नेता रामकिशन गुर्जर, महेन्द्र पारीक, विधायक शत्रुघ्न गौतम के पीए अश्विनी शर्मा, एडवोकेट घनश्याम वैष्णव, मनोज कुमावत सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

केकड़ी: अरविन्द कांसोटिया (फाइल फोटो)

भाजपा खेमे से अरविन्द का निर्दलीय पर्चा: भाजपा के खेमे से भी मुख्य प्रत्याशी के साथ वैकल्पिक नाम सामने आया। वार्ड संख्या 2 से निर्वाचित पार्षद अरविन्द कांसोटिया ने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर पालिकाध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किया। उनके नामांकन में पार्षद मोहित वैष्णव ने प्रस्तावक के रूप में हस्ताक्षर किए हैं। कांसोटिया का नामांकन भी भाजपा के बैकअप प्लान के तौर पर चर्चा में है। अब 18 सितंबर को नाम वापसी के बाद यह स्पष्ट होगा कि दोनों दलों के मुख्य प्रत्याशी और निर्दलीय प्रत्याशी में से कौन चुनावी मैदान में कायम रहता है।

20 बनाम 18, दो वोटों पर नजर: 40 सदस्यीय नगर पालिका में कांग्रेस के 20, भाजपा के 18 और आरएलपी के दो पार्षद हैं। यही आंकड़े अध्यक्ष पद के चुनाव को रोचक बना रहे हैं। कांग्रेस प्रत्याशी अनिल मित्तल के नामांकन के दौरान आरएलपी पार्षद राजेन्द्र चौधरी की मौजूदगी ने इन दो वोटों को लेकर राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दी है। ऐसे में अध्यक्ष पद के चुनाव में कांग्रेस, भाजपा और आरएलपी के बीच समीकरणों पर सभी की निगाहें रहेंगी। मुख्य प्रत्याशियों के साथ दोनों दलों के बैकअप कार्ड सामने आने के बाद अब सियासी निगाहें नाम वापसी की तारीख पर टिक गई हैं।

18 सितंबर को साफ होगी अंतिम तस्वीर: निर्वाचक पंजीयन एवं उपखंड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई ने बताया कि 17 सितंबर को नाम निर्देशन पत्रों की संवीक्षा होगी। 18 सितंबर को अपराह्न 3 बजे तक नाम वापस लिए जा सकेंगे। नाम वापसी की समय-सीमा समाप्त होने के तुरंत बाद चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों की अंतिम सूची जारी की जाएगी तथा चुनाव प्रतीकों का आवंटन किया जाएगा। आवश्यक होने पर 21 सितंबर को सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक मतदान होगा। मतदान समाप्ति के तुरंत बाद मतगणना की जाएगी और परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे।

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