केकड़ी, 26 मई (आदित्य न्यूज नेटवर्क): ग्राम पिपलाज में बाबा रामदेव मंदिर की पूर्णाहुति को लेकर आयोजित धार्मिक कार्यक्रम के दौरान कुछ युवकों द्वारा कथित रूप से शराब के नशे में धुत होकर उत्पात मचाने, रेगर समाज के लोगों के साथ जातिसूचक गालियां देने, मारपीट करने व आगजनी करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद रेगर समाज में भारी आक्रोश फैल गया व समाज के सैकड़ों लोग मंगलवार को सावर थाने पहुंच गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पिपलाज में 23 मई से 25 मई तक संपूर्ण रेगर समाज द्वारा बाबा रामदेव मंदिर की पूर्णाहुति का धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा था। सोमवार शाम को भोजन प्रसादी के बाद कैटरिंग में कार्य करने आए कुछ बालक अपने घर लौट रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान गांव के कुछ युवक शराब के नशे में धुत होकर वहां पहुंचे।

जाति पूछकर की मारपीट: पीड़ित पक्ष के अनुसार आरोपियों ने पहले कैटरिंग कर्मियों से उनकी जाति पूछी। जब उन्होंने स्वयं को रेगर समाज का बताया तो आरोपियों ने कथित रूप से जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए अभद्र गालियां देना शुरू कर दिया व मारपीट पर उतर आए। अचानक हुई घटना से मौके पर अफरा-तफरी मच गई तथा कुछ बालकों ने भागकर अपनी जान बचाई। समाज के लोगों का आरोप है कि आरोपियों ने पास में आगजनी भी की तथा धार्मिक कार्यक्रम स्थल के आसपास पहुंचकर माहौल खराब करने व अशांति फैलाने का प्रयास किया। घटना के बाद कार्यक्रम में मौजूद लोगों में भय व रोष का माहौल बन गया।

छह युवकों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट: मामले में मनजीत सिंह, राहुल तेली, लोकेश कुमावत, गोविंद सिंह दरोगा, अंकित प्रजापत एवं परमेश्वर कुमावत निवासी पिपलाज के खिलाफ नामजद आरोप लगाए गए है। घटना के विरोध में शिवराज रेगर, ओमप्रकाश कांसोटिया, किसान नेता महावीर रेगर, रामपाल रेगर, गोपाल रेगर व रतन रेगर सहित सैकड़ों ग्रामीण सावर थाने पहुंचे। आक्रोशित समाज ने आरोपियों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट सहित कठोर धाराओं में कार्रवाई की मांग को लेकर मुकदमा दर्ज करवाया। समाज के लोगों ने कहा कि धार्मिक आयोजन में बाधा डालने व दलित समाज को अपमानित करने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

