केकड़ी, 11 मई (आदित्य न्यूज नेटवर्क): विकास कार्यों में गुणवत्ता व पारदर्शिता को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। सोमवार को विकास अधिकारी दिशी शर्मा ने मेवादाकला ग्राम पंचायत का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कार्यों में गंभीर अनियमितता व लापरवाही पाए जाने पर उन्होंने ग्राम पंचायत प्रशासक व कनिष्ठ सहायक के विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई प्रस्तावित करने के निर्देश दिए हैं। विकास अधिकारी ने तकनीकी टीम के साथ विभिन्न विकास कार्यों व साफ-सफाई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मनरेगा योजना के तहत स्वीकृत ओमप्रकाश रेगर के मकान से रामरोष के बाड़े तक नाला निर्माण कार्य में भारी लापरवाही सामने आई। उक्त कार्य को स्वीकृत हुए चार माह से अधिक का समय बीत चुका है, फिर भी मौके पर कार्य बंद पाया गया। कार्य की प्रगति धीमी होने के साथ-साथ गुणवत्ता में भी कमी पाई गई।

सफाई व्यवस्था की खुली पोल: इसी प्रकार पंचायत क्षेत्र में साफ-सफाई का प्रबंधन भी संतोषजनक नहीं मिला, जिस पर बीडीओ ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। गंभीर लापरवाही को देखते हुए विकास अधिकारी ने ग्राम पंचायत प्रशासक शंकर लाल बलाई एवं कनिष्ठ सहायक पदम कुमार के विरुद्ध कार्यवाही प्रस्तावित कर निलंबन की प्रक्रिया प्रारंभ करने के निर्देश दिए है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी कार्यों में कोताही बरतने वाले कार्मिकों को बख्शा नहीं जाएगा। शर्मा ने उपस्थित अधिकारियों व कर्मचारियों को दो टूक शब्दों में निर्देश दिए कि विकास कार्यों की गुणवत्ता व पारदर्शिता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याओं को भी गंभीरता से सुना व उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया।


