केकड़ी, 19 अप्रैल (आदित्य न्यूज नेटवर्क): सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद प्रदेशभर की बार एसोसिएशनों में महिला सहभागिता को लेकर सकारात्मक माहौल बनता नजर आ रहा है। इसी कड़ी में बार एसोसिएशन ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में अहम पहल करते हुए एडवोकेट सानिया सैन, भारती पोपटानी, आशा पाराशर व कृष्णा कुमारी को कार्यकारिणी सदस्य के रूप में नियुक्त किया है। महिला अधिवक्ताओं को सदस्य बनाए जाने पर आयोजित अभिनंदन समारोह में नवनियुक्त सदस्यों का दुपट्टा ओढ़ाकर व साफा बांधकर पारंपरिक तरीके से भव्य स्वागत किया गया। यह कार्यक्रम निवर्तमान अध्यक्ष मनोज आहूजा व अध्यक्ष सीताराम कुमावत के नेतृत्व में संपन्न हुआ।

समावेशी नेतृत्व की ओर बढ़ते कदम: इस दौरान उपस्थित अधिवक्ताओं ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि महिलाओं की बढ़ती भागीदारी से बार की कार्यप्रणाली और अधिक प्रभावी व संतुलित बनेगी। समारोह को संबोधित करते हुए मनोज आहूजा ने कहा कि महिला अधिवक्ताओं का नेतृत्व में आना एक सकारात्मक बदलाव का संकेत है। उन्होंने विश्वास जताया कि अधिवक्ता बहनों की नई ऊर्जा व दृष्टिकोण बार की कार्यकारिणी को और मजबूती प्रदान करेगी। आहूजा ने सभी नव-नियुक्त महिला सदस्यों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पहल केवल निर्देशों का पालन नहीं, बल्कि समावेशी और सशक्त नेतृत्व की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

महिला अधिवक्ताओं ने भी रखे विचार: कार्यक्रम में महिला अधिवक्ता सानिया सैन व भारती पोपटानी ने भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने मनोज आहूजा के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि वे हमेशा से महिला व युवा अधिवक्ताओं के अधिकारों के लिए संघर्ष करते रहे हैं। महिला अधिवक्ताओं ने विश्वास जताया कि उनके मार्गदर्शन में उन्हें न्याय क्षेत्र में बेहतर अवसर व मंच प्राप्त होगा। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने इसे एक ऐतिहासिक व प्रेरणादायक पहल बताया। इस गरिमामय अवसर पर वरिष्ठ अधिवक्ता चेतन धाभाई, हेमंत जैन, नवल किशोर पारीक, रामावतार मीणा, अशफाक हुसैन, नितिन जोशी, नितिन जैन, दशरथ सिंह व हनुमान शर्मा सहित अनेक अधिवक्तागण उपस्थित थे।


