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‘ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूसडे’ अभियान: तालुका केकड़ी के न्यायिक अधिकारियों ने विद्यालयों में आयोजित किए विधिक जागरूकता शिविर

केकड़ी, 04 अगस्त (आदित्य न्यूज नेटवर्क): राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अजमेर के निर्देशानुसार ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूसडेअभियान के तहत तालुका केकड़ी स्थित न्यायिक अधिकारियों द्वारा विभिन्न विद्यालयों में विधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। यह शिविर “शोषण के खिलाफ आवाज उठाओ, स्वयं अपने रक्षक बनो। अच्छा स्पर्श, बुरा स्पर्श, फर्क समझो, सुरक्षित रहो” थीम पर आयोजित किए गए।  

न्यायिक अधिकारियों ने किया मार्गदर्शन: राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय लसाड़िया में तालुका विधिक सेवा समिति अध्यक्ष व अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश संख्या-02 प्रवीण कुमार वर्मा ने विद्यार्थियों को गुड टच-बैड टच व इससे संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी देकर जागरूक किया। श्री शाकंभरी विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय केकड़ी में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश संख्या-01 जयमाला पानीगर ने पोक्सो एक्ट के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पोक्सो एक्ट बच्चों की सुरक्षा के लिए बनाया गया सख्त कानून है। यह कानून तभी प्रभावी होगा जब बच्चों को इसकी सही जानकारी होगी।

केकड़ी: विधिक जागरूकता शिविरर में मंचासीन न्यायिक अधिकारी एवं विद्यालय स्टॉफ।

यहां भी हुए आयोजन: राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पारा में अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या-01 आशीष बैंदाड़ा ने विद्यार्थियों को विधिक प्रावधानों से अवगत कराया। राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय पारा में अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या-02 बीना मीणा ने छात्राओं को सजग व सुरक्षित रहने के उपाय बताए। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बोगला में सिविल न्यायाधीश व न्यायिक मजिस्ट्रेट मोहम्मद शारिक ने छात्र-छात्राओं को शोषण के विरुद्ध आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया। 

शिक्षकों से की गई विशेष अपील: शिविरों के दौरान न्यायिक अधिकारियों ने उपस्थित शिक्षकों से अपील की कि वे बच्चों की बातों को गंभीरता से सुनें व उनके व्यवहार में अचानक आए बदलावों पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने शिक्षकों से कहा कि वे बच्चों में यह विश्वास जगाएं कि किसी भी गलत हरकत में गलती उनकी नहीं बल्कि गलत काम करने वाले की होती है, ताकि बच्चों की पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

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