केकड़ी, 12 मई (आदित्य न्यूज नेटवर्क): एम.एल.डी. कॉलेज ऑफ नर्सिंग एज्युकेशन द्वारा अंतर्राष्ट्रीय नर्सिंग दिवस व नर्सिंग सप्ताह कार्यक्रम 2026 के अंतर्गत विभिन्न प्रतियोगिताओं व सांस्कृतिक आयोजनों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ श्री मिश्रीलाल दुबे मेमोरियल संस्थान के सचिव चन्द्र प्रकाश दुबे, एम एल डी संस्थान के निदेशक डॉ. अविनाश दुबे, अनिरूद्ध दुबे व प्राचार्य सुनील साहू द्वारा मां शारदे एवं आधुनिक नर्सिंग की जनक फ्लोरेंस नाइटिंगेल की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन व पुष्प अर्पित कर किया गया। इस अवसर पर सभी नर्सिंग छात्र-छात्राओं को नर्सिंग सेवा व मानव हित में कार्य करने की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में फ्लोरेंस नाइटिंगेल के जीवन व योगदान पर प्रकाश डालते हुए बताया गया कि उन्होंने कठिन परिस्थितियों में घायल सैनिकों की सेवा कर नर्सिंग सेवा को नई पहचान दिलाई तथा आधुनिक नर्सिंग व्यवस्था की मजबूत नींव रखी। उनके सेवा, समर्पण व मानवता के आदर्श आज भी विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत हैं।

मानव सेवा का श्रेष्ठ माध्यम है नर्सिंग: कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्था के सचिव चन्द्र प्रकाश दुबे ने कहा कि नर्सिंग केवल एक पेशा नहीं बल्कि मानव सेवा का श्रेष्ठ माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों को संवेदनशीलता, अनुशासन व सेवा भावना के साथ मरीजों की देखभाल करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि समाज में नर्सों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने में नर्सिंग कर्मियों का विशेष योगदान रहता है। प्राचार्य सुनील साहू ने अपने उद्बोधन में कहा कि नर्सिंग शिक्षा का उद्देश्य केवल तकनीकी ज्ञान देना नहीं बल्कि विद्यार्थियों में सेवा, समर्पण व मानवीय मूल्यों का विकास करना भी है।

सप्ताह भर आयोजित हुईं विभिन्न प्रतियोगिताएं: नर्सिंग सप्ताह के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। रंगोली व साज-सज्जा में जीएनएम प्रथम वर्ष की मनीषा व ग्रुप ने प्रथम स्थान, हार्दिक व ग्रुप ने द्वितीय स्थान तथा बीएससी नर्सिंग फोर्थ सेमेस्टर की शिवानी व ग्रुप ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। व्यंजन व इंडोर गेम्स में जीएनएम द्वितीय वर्ष ग्रुप बी ने प्रथम स्थान व सुमन धाकड़ ग्रुप ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। वहीं इंडोर गेम्स में दिव्या व कोमल साहू विजेता रहे। फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में नीलू कंवर प्रथम, लक्ष्मी वैष्णव द्वितीय व सुमन चौधरी तृतीय स्थान पर रही। कार्यक्रम को सफल बनाने में व्याख्याता पूजा कुमारी शर्मा, शैली जोर्डन, सुनील सैनी, यादवेन्द्र सिंह, डॉ. महेन्द्र, डॉ. दिव्या व दीपक शर्मा ने महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया।


